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Tuesday, 3 March 2026

अमेरिकी F-15 जेट्स कुवैत में गिराए गए, दुबई में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास पर ड्रोन से आग लगाई – मिडिल ईस्ट मे अमेरिका तबाह!

अमेरिकी F-15 जेट्स कुवैत में गिराए गए, दुबई में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास पर ड्रोन से आग लगाई – मिडिल ईस्ट मे अमेरिका तबाह!
-Friday World-March-4-2026 
ईरान ने अमेरिकी F-16 फाइटर्स को मार गिराया? दुबई में अमेरिकी दूतावास पर जबरदस्त ड्रोन हमला!
 
 मिडिल ईस्ट में तनाव अब पूर्ण युद्ध में बदल चुका है। अमेरिका और इज़राइल की संयुक्त कार्रवाई के जवाब में ईरान ने अपनी जवाबी कार्रवाई तेज कर दी है। हाल की घटनाओं में ईरान ने अमेरिकी सैन्य और कूटनीतिक ठिकानों पर हमले किए हैं, जिससे क्षेत्रीय अस्थिरता चरम पर पहुंच गई है। सबसे बड़ी खबर यह है कि कुवैत में अमेरिकी F-15E स्ट्राइक ईगल फाइटर जेट्स को "फ्रेंडली फायर" में गिराया गया, जबकि दुबई में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास (कॉन्सुलेट) पर ईरानी ड्रोन हमले से आग लग गई। हालांकि यूजर की क्वेरी में F-16 का जिक्र है, लेकिन वास्तविक रिपोर्ट्स में F-15E जेट्स का उल्लेख है – यह घटना ईरान के खिलाफ अमेरिकी ऑपरेशन "Epic Fury" के दौरान हुई। 

कुवैत में अमेरिकी फाइटर जेट्स गिराए गए अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने पुष्टि की है कि तीन अमेरिकी F-15E स्ट्राइक ईगल फाइटर जेट्स कुवैत के ऊपर गिराए गए। यह घटना "एपैरेंट फ्रेंडली फायर इंसिडेंट" के रूप में वर्णित की गई है, जिसमें कुवैती एयर डिफेंस सिस्टम ने गलती से इन जेट्स को मार गिराया। ये जेट्स ईरान के खिलाफ अमेरिकी-इज़राइली हमलों का समर्थन कर रहे थे, जहां ईरानी विमान, बैलिस्टिक मिसाइलें और ड्रोन हमले हो रहे थे। 

सभी छह क्रू मेंबर्स सुरक्षित बाहर निकल आए और उन्हें रिकवर कर लिया गया है। उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। कुवैत की सरकार ने भी इस "गलती" की पुष्टि की है और जांच चल रही है। यह घटना अमेरिकी सेना के लिए बड़ा झटका है, क्योंकि ये जेट्स ईरान के हवाई हमलों का मुकाबला करने में शामिल थे। ईरानी मीडिया ने दावा किया कि उनके हमलों से अमेरिकी विमान प्रभावित हुए, लेकिन आधिकारिक रिपोर्ट्स फ्रेंडली फायर की ओर इशारा करती हैं। 

दुबई में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास पर ड्रोन हमला ईरान ने अपनी जवाबी कार्रवाई को गल्फ क्षेत्र तक फैला दिया है। मंगलवार रात दुबई में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास (US Consulate) के पार्किंग लॉट पर एक संदिग्ध ईरानी ड्रोन ने हमला किया, जिससे आग लग गई और काला धुआं आसमान में उठने लगा। दुबई मीडिया ऑफिस ने पुष्टि की कि "ड्रोन से संबंधित घटना" से आग लगी, लेकिन इसे जल्दी नियंत्रित कर लिया गया। कोई हताहत नहीं हुआ, और सभी स्टाफ सुरक्षित हैं। 

अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा, "एक ड्रोन ने चांसरी बिल्डिंग के पास पार्किंग लॉट पर हमला किया और आग लगा दी।" ईरान के स्टेट ब्रॉडकास्टर IRIB ने भी इस हमले की पुष्टि की। यह हमला ईरान की उस रणनीति का हिस्सा लगता है जिसमें वह अमेरिकी कूटनीतिक ठिकानों को निशाना बना रहा है। इससे पहले सऊदी अरब की राजधानी रियाद में अमेरिकी दूतावास पर दो ड्रोन हमले हुए, जहां सीमित आग और मामूली क्षति हुई। कुवैत में अमेरिकी दूतावास भी बंद कर दिया गया है। 

युद्ध का व्यापक संदर्भ यह सब अमेरिका-इज़राइल की उस बड़ी सैन्य कार्रवाई के जवाब में है जिसमें ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई सहित कई शीर्ष अधिकारी मारे गए। ऑपरेशन "Epic Fury" (इज़राइल में "Roaring Lion" कहा जा रहा है) के तहत ईरान के न्यूक्लियर साइट्स, मिसाइल लॉन्चर्स और एयर फोर्स को निशाना बनाया गया। ईरान ने बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन्स से इज़राइल और गल्फ देशों पर हमले किए, जिससे तेल की कीमतें आसमान छू रही हैं, अंतरराष्ट्रीय शिपिंग और एयर ट्रैवल प्रभावित हो रहा है। 

अमेरिका ने कई गल्फ देशों से गैर-जरूरी स्टाफ को निकाल लिया है और नागरिकों को क्षेत्र छोड़ने की सलाह दी है। ट्रंप प्रशासन ने चेतावनी दी है कि "बड़ी लहर" अभी बाकी है। ईरान के हमले अब UAE, सऊदी अरब, कुवैत जैसे अमेरिकी सहयोगियों तक पहुंच गए हैं, जिससे क्षेत्रीय युद्ध का खतरा बढ़ गया है। 

 ईरान की ये कार्रवाई दिखाती है कि वह अमेरिकी दबाव के आगे नहीं झुक रहा। फ्रेंडली फायर से अमेरिकी जेट्स का गिरना और दुबई में ड्रोन हमला – दोनों घटनाएं युद्ध की जटिलता और अनियंत्रित फैलाव को उजागर करती हैं। दुनिया अब सांस थामे देख रही है कि यह संघर्ष कितना विस्तार लेता है और क्या इससे वैश्विक अर्थव्यवस्था पर गहरा असर पड़ता है। स्थिति अत्यंत नाजुक है – कोई भी गलत कदम बड़े विनाश का कारण बन सकता है। 

Sajjadali Nayani ✍ 
Friday World-March-4-2026