-Friday World 23 Aug 2026
वॉशिंगटन/ओटावा। दुनिया के दो सबसे पुराने और भरोसेमंद पड़ोसियों के बीच वो हो गया जिसकी किसी ने कल्पना भी नहीं की थी। अमेरिका और कनाडा के बीच दशकों पुरानी दोस्ती व्यापार के मैदान में सबसे बड़ी दुश्मनी में बदल गई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक ऐतिहासिक और कठोर फैसला लेते हुए कनाडा से आने वाले सामान पर 50 प्रतिशत का भारी-भरकम टैरिफ लगा दिया है। जवाब में कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने भी साफ कह दिया है - सरेंडर नहीं होगा, अमेरिका को उसकी ही भाषा में जवाब मिलेगा, एक-एक डॉलर का हिसाब लिया जाएगा।
आधी रात से लागू हुआ काला कानून - सेक्शन 338 क्या है?
तीन दिन तक वॉशिंगटन में चली मैराथन बैठकें फेल हो गईं। कोई समझौता नहीं बन सका। कनाडा के मुख्य वार्ताकारों को तुरंत ओटावा वापस बुला लिया गया।
20 जुलाई 2026 को ट्रंप ने 1930 के टैरिफ एक्ट के सेक्शन 338 का इस्तेमाल करते हुए तीन अलग-अलग घोषणाओं पर हस्ताक्षर किए। यह कानून इतना पुराना और दुर्लभ है कि पिछले 100 साल में किसी भी अमेरिकी राष्ट्रपति ने इसका इस्तेमाल नहीं किया था। यह कानून राष्ट्रपति को यह अधिकार देता है कि अगर कोई देश अमेरिकी सामान के साथ भेदभाव करता है तो उस पर 50% तक टैक्स लगाया जा सकता है।
इस नए टैरिफ के दायरे में लगभग 20 अरब अमेरिकी डॉलर (करीब 28 अरब कनाडाई डॉलर) का सामान आएगा। यह अमेरिका द्वारा कनाडा से साल 2025 में आयात किए गए कुल 382 अरब डॉलर के सामान का 5.2 प्रतिशत है।
लिस्ट बहुत लंबी और अजीब है - वाइन, हॉकी स्टिक, सीमेंट, डेयरी प्रोडक्ट्स, फर्नीचर, फिशिंग रॉड, स्विमिंग पूल, बीज, कपड़े और विग तक। सबसे बड़ी बात - इस बार ये टैरिफ USMCA (अमेरिका-मेक्सिको-कनाडा ट्रेड एग्रीमेंट) के तहत सुरक्षित माने जाने वाले सामान पर भी लगेगा। सिर्फ एनर्जी, पोटाश, मछली और क्रिटिकल मिनरल्स को छूट दी गई है।
ट्रंप प्रशासन का आरोप - कनाडा ने की गद्दारी
अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जेमिसन ग्रीर का कहना है कि कनाडा ने अमेरिका के साथ बदले की कार्रवाई की है, जो किसी और सहयोगी ने नहीं की। व्हाइट हाउस का आरोप है कि कनाडा ने:
1. अमेरिकी कारों पर भेदभावपूर्ण टैरिफ लगाया।
2. डेयरी सेक्टर में 200% से ज्यादा का टैक्स लगाकर सप्लाई मैनेजमेंट सिस्टम से अमेरिकी किसानों को रोका।
3. ज्यादातर प्रांतों में अमेरिकी शराब (वाइन और बीयर) की बिक्री पर बैन लगा दिया। इसके कारण पिछले एक साल में कनाडा में अमेरिकी शराब की बिक्री 81% और गाड़ियों की बिक्री 22% गिर गई।
अमेरिका का दावा है कि उसने कनाडा को एक शानदार ऑफर दिया था - कनाडाई गाड़ियों पर टैरिफ 25% से घटाकर 15% और स्टील-एल्युमीनियम पर 50% से घटाकर 25% करने की पेशकश, जो किसी भी दूसरे देश को नहीं मिली। लेकिन कनाडा ने डेयरी और वाइन पर अपनी जिद नहीं छोड़ी।
मार्क कार्नी का पलटवार - बदल चुका है अमेरिका
कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने बेहद सख्त लहजे में कहा, "हमें समझ आ गया है कि अमेरिका पूरी तरह बदल चुका है। वह अब अपने सबसे करीबी सहयोगी से भी बाजार में प्रवेश की भारी कीमत वसूल रहा है।"
कार्नी ने बताया कि पिछले 18 महीनों से कनाडा ने लगातार अमेरिका को मनाने की कोशिश की। विस्तृत प्रस्ताव दिए, CUSMA को आधुनिक बनाने की बात कही, लेकिन अमेरिका ने एकतरफा कार्रवाई की।
कार्नी ने दो बड़े ऐलान किए हैं:
1. डॉलर-फॉर-डॉलर बदला: ओंटारियो के प्रीमियर डग फोर्ड ने मांग की है कि अमेरिका पर ठीक उसी तरह का टैरिफ लगाया जाए। कनाडा सरकार ने साफ कहा है कि वह कनाडाई कामगारों, किसानों और छोटे उद्योगों की रक्षा के लिए हर जरूरी कदम उठाएगी।
2. 500 अरब डॉलर का आत्मनिर्भर प्लान: कार्नी ने कहा कि व्यापार युद्ध से कनाडा की रणनीति नहीं डगमगाएगी। देश में 500 अरब कनाडाई डॉलर के इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स पर काम चल रहा है। कनाडा की अर्थव्यवस्था अमेरिका से चार गुना तेजी से नौकरियां पैदा कर रही है और G-7 में अगले दो साल में उसकी ग्रोथ दूसरी सबसे तेज रहेगी। सरकार ने पहले ही स्थानीय उद्योगों को 25 अरब डॉलर की मदद दी है और नए राहत पैकेज तैयार हैं।
आम लोगों पर क्या असर पड़ेगा?
इस टकराव का सबसे ज्यादा नुकसान आम आदमी को होगा।
अमेरिका में - कनाडा से आने वाला लकड़ी, सीमेंट, फर्नीचर महंगा होगा तो घर बनाना महंगा हो जाएगा। हॉकी का सामान, वाइन महंगी।
कनाडा में - अगर कनाडा ने बदला लिया तो अमेरिकी सामान महंगा होगा, फैक्ट्रियों में छंटनी का डर है।
दोनों देशों के बीच रोजाना 2.5 अरब डॉलर का व्यापार होता है। यह दीवार गिरेगी तो दोनों तरफ महंगाई और बेरोजगारी बढ़ेगी।
अब सबकी नजर 19 अगस्त की डेडलाइन पर है, जब ये नए 50% टैरिफ पूरी तरह लागू होंगे। क्या उससे पहले ट्रंप और कार्नी के बीच फोन पर बातचीत से कोई चमत्कार होगा, या दुनिया दो सबसे बड़े लोकतांत्रिक दोस्तों के बीच सबसे बड़ा व्यापार युद्ध देखेगी? एक बात तय है - कनाडा ने कह दिया है, वह झुकेगा नहीं।
Sajjadali Nayani ✍
Friday World 23 Aug 2026
#USTariff #CanadaUSTradeWar #TrumpTariffs #MarkCarney #TradeWar2026 #Section338 #USCanadaRelations #DollarForDollar #USTradePolicy #GlobalEconomy