नई दिल्ली, 4 दिसंबर भारतीय रुपया एक बार फिर धड़ाम हो गया है। गुरुवार को डॉलर के मुकाबले रुपया 22 पैसे टूटकर 90.41 के ऐतिहासिक निचले स्तर पर खुला। यह लगातार गिरावट देख देश में सियासी पारा चढ़ गया है और विपक्ष ने मोदी सरकार पर जोरदार हमला बोल दिया है।
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर करारा कटाक्ष किया। उन्होंने कहा,
“जब मनमोहन सिंह जी के समय रुपया गिरता था तो ये लोग ‘हाय-हाय’ करते थे। उस वक्त क्या-क्या नहीं बोलते थे? आज जब रुपया 90 के पार चला गया है, तब इनका जवाब क्या है? देश सुनना चाहता है!”
राज्यसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी मोदी सरकार को घेरते हुए कहा,
“मोदी जी की नीतियों की वजह से ही रुपया लगातार कमजोर हो रहा है। अगर नीतियां ठीक होतीं तो रुपया मजबूत होता, गिरता नहीं। दुनिया में हमारी मुद्रा की कोई वैल्यू नहीं बची। सरकार अपनी पीठ थपथपाती रहती है, लेकिन हकीकत सबके सामने है।”
खरगे ने सोशल मीडिया पर 2014 से पहले का भाजपा का पुराना बयान याद दिलाते हुए लिखा,
“2014 से पहले भाजपा कहती थी – ‘रुपया क्यों गिर रहा है? इसका जवाब दो!’ आज हम वही सवाल भाजपा सरकार से पूछ रहे हैं। जवाब तो देना पड़ेगा!”
रुपये की इस ऐतिहासिक गिरावट ने आम आदमी की जेब से लेकर आयात-निर्यात तक सबको प्रभावित कर दिया है। पेट्रोल-डीजल, खाद्य तेल, इलेक्ट्रॉनिक सामान सब महंगे होने के आसार हैं। विपक्ष का दावा है कि यह सिर्फ मुद्रा का संकट नहीं, मोदी सरकार की आर्थिक नाकामी का सबूत है। अब सवाल यही है
– जो सवाल 10 साल पहले मोदी जी विपक्ष में बैठकर पूछा करते थे, उसी सवाल का जवाब आज सत्ता में बैठकर कब देंगे?
सज्जाद अली नायाणी✍️