Breaking

यमन ने सऊदी अरब के सामने रखी अजीब शर्त, यमनियों की जाल में फंसा रियाज़...

Friday, 25 September 2026

CEC ज्ञानेश कुमार पर बवाल - NDA के साथी भी चिंतित, बोले- जवाब देना होगा, विपक्ष ने मांगा इस्तीफा

CEC ज्ञानेश कुमार पर बवाल - NDA के साथी भी चिंतित, बोले- जवाब देना होगा, विपक्ष ने मांगा इस्तीफा
-Friday World September 25,2026 
नई दिल्ली: स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) को लेकर The Indian Express की एक रिपोर्ट के बाद मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार विवादों के घेरे में आ गए हैं। इस रिपोर्ट में दावा किया गया था कि दो चुनाव आयुक्तों ने 10 महीने में 14 बार फैसलों पर आपत्ति जताई थी। इस मुद्दे ने अब राजनीतिक रूप ले लिया है और सत्ता पक्ष के साथी दल भी सवाल उठाने लगे हैं।

भाजपा के साथी दलों ने भी मांगी सफाई

अब तक यह मुद्दा सिर्फ विपक्ष उठा रहा था, लेकिन अब NDA गठबंधन के अंदर से भी आवाजें आने लगी हैं।

लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख और केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने इस पूरे मामले को गंभीर चिंता का विषय बताया है। उन्होंने कहा है कि चुनाव आयोग जैसी संवैधानिक संस्था पर जनता का भरोसा बना रहना चाहिए और इसलिए आयोग को जनता के सामने अपना पक्ष मजबूती से रखना चाहिए।

NDA के अन्य सहयोगी दलों का भी यही मानना है कि आयोग को पारदर्शिता बनाए रखनी होगी ताकि विपक्ष को लोकतंत्र पर सवाल उठाने का मौका न मिले।

 चुनाव आयोग का जवाब - असहमति लोकतंत्र का हिस्सा

विवाद बढ़ने पर चुनाव आयोग ने अपनी सफाई दी है। आयोग ने कहा है कि सभी निर्णय आपसी सहमति और तय कानूनी प्रक्रिया के तहत ही लिए गए हैं।

आयोग के बयान के अनुसार, "एक-दूसरे से असहमत होना और नोट्स लिखना एक स्वस्थ लोकतंत्र और किसी भी संस्था की सामान्य आंतरिक प्रक्रिया का हिस्सा है। सभी आदेशों को पूर्ण कानूनी मान्यता प्राप्त है।"

 विपक्ष आक्रामक - राहुल गांधी ने कहा सरकारी गवाह बनें

वहीं विपक्ष इस मुद्दे पर और आक्रामक हो गया है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने मुख्य चुनाव आयुक्त पर गंभीर आरोप लगाए और उन्हें सरकारी गवाह बनने तक की सलाह दे दी। उन्होंने इस्तीफे की मांग की है।

ओडिशा के पूर्व मुख्यमंत्री नवीन पटनायक और TMC सांसद अभिषेक बनर्जी ने भी मतदाता सूची से 30 लाख नाम कटने का दावा करते हुए SIR प्रक्रिया पर पुनर्विचार की मांग की है। कांग्रेस ने तो आज देशव्यापी विरोध प्रदर्शन की रूपरेखा भी जारी कर दी है।

 24 घंटे का अल्टीमेटम

इस बीच कुछ अन्य संगठनों ने भी मोर्चा खोल दिया है। एक संगठन द्वारा 24 घंटे का अल्टीमेटम देते हुए चेतावनी दी गई है कि अगर ज्ञानेश कुमार इस्तीफा नहीं देते हैं तो 2 अक्टूबर से मुंबई से देशव्यापी आंदोलन शुरू किया जाएगा।

कुल मिलाकर, चुनाव आयोग की निष्पक्षता और पारदर्शिता पर उठे सवालों ने दिल्ली की सियासत गरमा दी है और आने वाले दिनों में यह मुद्दा और तेज होने की संभावना है।

Sajjadali Nayani ✍ 
Friday World September 25,2026 

#GyaneshKumar #ElectionCommission #NDAAllies #ChiragPaswan #SIR #VoterListControversy #RahulGandhi #IndianPolitics #ECI #Democracy